
कोरबा (आई.बी.एन -24) कोरबा जिले में फर्जी पोर्टल संचालकों की गतिविधियों ने वास्तविक पत्रकारों की छवि को धूमिल कर दिया है। ये लोग अपने आप को लीगल पत्रकार बताकर प्रतिनिधि नियुक्त करते हैं और ग्रामीण अंचल के लोगों को नौकरी लगाने या अन्य सेवाएं देने के नाम पर ठगते हैं। कोरबा पुलिस ने ऐसे मामलों में कार्रवाई शुरू कर दी है, लेकिन अभी भी ऐसे लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जरूरत है।
वास्तविक पत्रकारों को भी आगे आकर ऐसे फर्जी लोगों के खिलाफ आवाज उठानी चाहिए। वेब पोर्टल संचालकों को भी जिम्मेदारी से काम करना चाहिए और अपने प्लेटफॉर्म पर प्रकाशित होने वाले कंटेंट की जांच करनी चाहिए। पत्रकारिता के नाम पर चल रहे ऐसे धंधों को रोकने के लिए सरकार और पत्रकार संगठनों को मिलकर काम करना होगा।
तथाकथित व्यक्ति पोर्टल के आड़ में अपने प्रेस में ज्वाइनिंग के नाम पर धोखाधड़ी कर रहा है, खुद को ये पता नहीं है कि अखबार, न्यूज चैनल का रजिस्ट्रेशन कहां होता है लेकिन खुद अपने आपकी बड़े पत्रकार बताकर वसूली में मस्त है।
फर्जी पत्रकारों से सावधान रहें।
फर्जी पत्रकारों से सावधान रहना बहुत जरूरी है, जो पत्रकारिता के नाम पर ठगी करते हैं। ये लोग अक्सर अपने आप को बड़े पत्रकार बताकर लोगों को ठगते हैं और उनकी जेब से पैसे निकालते हैं।
फर्जी पत्रकारों की पहचान कैसे करें?
– अखबार या न्यूज चैनल का रजिस्ट्रेशन और पत्रकार कार्ड की जांच करें।
– किसी भी प्रकार की जानकारी देने से पहले जांच करें।
– अगर कोई पत्रकार आपसे पैसे मांगता है, तो सावधान हो जाएं।
– फर्जी पत्रकारों की शिकायत पुलिस में करें।
फर्जी पत्रकारों के खिलाफ क्या करें?
– फर्जी पत्रकारों की शिकायत पुलिस में करें।
– अखबार या न्यूज चैनल के मालिक को सूचित करें।
– फर्जी पत्रकारों के बारे में जानकारी साझा करें।
– सावधान रहें और सतर्क रहें।